Header Ads

Seo Services

जियो और जिने दो" कुंडलपुर महोत्सव में जीवंत हो उठी भगवान महावीर मूर्तियां, मधुरेन्द्र ने बना डाली कलाकृतियां

रेत कला के महानायक बिहार के लाल सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र ने 5 घंटे में 1000 टन बालू से आकृति बना लोगों किया अचंभित

डीएम योगेंद्र सिंह ने सैंड आर्ट प्रदर्शन के लिए मधुरेन्द्र को दी थी स्वीकृति


नालंदा (बिहारशरीफ/कुंडलपुर) : 17 अप्रैल से शुरू दो दिवसीय ऐतिहासिक कुंडलपुर महोत्सव आगाज होने के साथ बिहार सरकार और जिला प्रशासन नालंदा के द्वारा आयोजित जिले के कुंडलपुर में विराजमान भगवान महावीर की जन्मस्थली भूमि नंद्यावर्त महल परिसर के मुख्य द्वार के ठीक सामने मैदान में बनी मुख्य सांस्कृतिक पंडाल के दाहिनी ओर सैंड आर्ट के सुपरस्टार विश्वविख्यात सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र की रेत कलाकृतियां भगवान महावीर की जीवन को चरितार्थ करते जियो और जिने दो का संदेश दे रही हैं। यह आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं। लोग अपने कैमरे व सेलफोन में कलाकृति के सामने अपनी सेल्फी लेते नजर आ रहें हैं। 


बता दे कि नालंदा डीएम योगेंद्र सिंह ने सैंड आर्ट प्रदर्शन के लिए स्वीकृति प्रदान की थी। एनडीसी अमरेन्द्र कुमार ने बताया कि पूर्वी चंपारण जिले स्वीप आईकॉन सह बिजबनी घोड़ासहन निवासी सुप्रसिद्ध सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र के सैंड आर्ट प्रदर्शनी के लिए 30/20 का जगह सहित रंग-बिरंगे अबीर की व्यवस्था इवेंट मैनेजर रविंद्र कुमार के हवाले से करायी थी। 


गौरतलब हो कि मधुरेन्द्र द्वारा बनाई गयीं रेत कलाकृतियां देश विदेश के कोने-कोने से घूमने देश-प्रदेश के जैनधर्म के सैलानियों, वरीय अधिकारियों, प्रबुद्ध नागरिकों सहित हजारों राहगीरों तथा आमलोगों के स्वागत के लिए बनाई गयी हैं।

मौके पर पटना प्रमंडल आयुक्त रॉबर्ट एल चोंगथु, नालंदा डीएम योगेंद्र सिंह, डीडीसी राकेश कुमार, राजगीर एसडीओ संजय कुमार, डीएसपी सोमनाथ प्रसाद,  बीडीओ डॉ अंजनी कुमार, कैलाश चंद जैन, आदिश जैन, चिरंजीलाल जैन, सतीश जैन शिखर, कमल जैन, शातिष जैन, घनश्याम यादव, अभय जैन, रामाधार शुक्ला, चंदन जैन, जगदीश जैन सहित सैकड़ों जैन सैलानियों व प्रबुद्ध लोगों ने भी मधुरेन्द्र की कलाकृति की प्रशंसा की।

No comments:

Powered by Blogger.